Sunday, May 3, 2009

समस्स्याएं हैं तो हल भी है

आइये हम सब मिल कर अपनी समस्स्याओं को समझें और उनका हल निकालें
Let us get united to find out the root of our problems and solve them collectively with cooperation.
समस्स्याएं हमारे समाज की अभिन्न अंग हैं।
ईश्वरने सृष्टि की,
सृष्टि है तो हम हैं,
हम हैं तो समस्स्याएं हैं,
समस्स्याएं हैं तो हिम्मत है,
हिम्मत है तो उनका निराकरण भी है,
निराकरण तभी है जब हम
हिम्मत और ईश्वर पर अडिग विशवास के साथ
समस्सया को दूर करने का प्रयत्न करें
सबको सद्बुद्धि दें
ईश्वर।

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